Sunday, 29 January 2017

अमौर मेरी दोस्त

अमौर तुम मेरी
बहुत अच्छी दोस्त हो
इतनी अच्छी कि तुम मुझे
जीने का ढ़ंग सिखाती हो
मुझे ज़िन्दगी के हर राह पर
मेरा साथ देती हो
मेरे हर काम में
मेरे साथ रहती हो
तुम डांटती भी हो
तो तुम हंसाती भी हो
अमौर
तुम मेरी बहुत अच्छी दोस्त हो
अगर तुम मुझे राह ना दिखाओ
तो मैं राह भटक जाऊं
लेकिन अमौर
मुझे खुद से ज्यादा
तुम पर भरोसा है
कि अगर मैं राह भटकूँगा
तो तुम्हे मुझसे पहले पता चलेगा
जैसा तुमने पिछले बार मुझे संभाला
अमौर
मेरी दोस्त 

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